इस हफ्ते बाजार में निवेशकों की नजर एक खास IPO पर रही — Sri Lotus Developers। रियल एस्टेट क्षेत्र में काम कर रही यह कंपनी अपने प्रोजेक्ट्स के लिए फंड जुटाने के इरादे से 30 जुलाई से 1 अगस्त 2025 तक खुला IPO लेकर आई थी।
यह पूरी तरह से फ्रेश इश्यू है, यानी कंपनी को सीधे पैसा मिलेगा। ₹140 से ₹150 प्रति शेयर के प्राइस बैंड पर इश्यू साइज ₹792 करोड़ रखा गया। न्यूनतम निवेश के लिए एक लॉट में 100 शेयर तय किए गए हैं — यानी करीब ₹14,000 से ₹15,000 की राशि।

Sri Lotus Developers IPO: रिटेल और NII निवेशकों का जोश साफ नजर आया
IPO को लेकर निवेशकों की प्रतिक्रिया काफी मजबूत रही। पहले दिन से ही आवेदन में अच्छी तेजी देखी गई। तीनों दिन का सब्सक्रिप्शन आंकड़ा नीचे देखें:
- Day 1 (30 जुलाई): कुल 3.6 गुना सब्सक्रिप्शन हुआ।
- Day 2 (31 जुलाई): कुल मांग बढ़कर 10.3 गुना हो गई, जिसमें:
- NII कैटेगरी: 15.9 गुना
- QIB कैटेगरी: 8.7 गुना
- रिटेल कैटेगरी: 8.9 गुना
- Day 3 (1 अगस्त): आखिरी दिन तक कुल 15.17 गुना आवेदन हुए:
- NII: 29.3 गुना
- रिटेल: 12.8 गुना
- QIB: 8.7 गुना
इससे यह साफ है कि खासकर NII और रिटेल निवेशकों में कंपनी को लेकर भरोसा मजबूत रहा।
Sri Lotus Developers GMP ट्रेंड: लिस्टिंग से पहले ही 30% तक का प्रीमियम
अब बात करें GMP यानी ग्रे मार्केट प्रीमियम की, तो यह भी काफी सकारात्मक रहा है। 31 जुलाई को GMP लगभग ₹42 बताया गया था, जबकि 1 अगस्त की सुबह कुछ प्लेटफॉर्म्स पर यह ₹45–₹46 तक भी देखा गया।
अगर इश्यू प्राइस का ऊपरी स्तर ₹150 मानें, तो GMP के हिसाब से अनुमानित लिस्टिंग प्राइस ₹192 से ₹195 के बीच हो सकता है — यानी लगभग 30% प्रीमियम।
तारीख | GMP (₹ में) | अनुमानित लिस्टिंग प्राइस |
---|---|---|
30 जुलाई | ₹42 | ₹192 |
31 जुलाई | ₹44 | ₹194 |
1 अगस्त | ₹45–₹46 | ₹195–₹196 |
इस प्रीमियम के चलते बाजार में उम्मीद जताई जा रही है कि लिस्टिंग के दिन निवेशकों को अच्छा लाभ मिल सकता है।
Sri Lotus Developers प्रोफाइल, उपयोग और निवेशकों की दिलचस्पी
Sri Lotus Developers मुंबई आधारित एक रियल एस्टेट कंपनी है जो मिड-टू-लक्सरी सेगमेंट में प्रोजेक्ट्स बनाती है। इस इश्यू से मिली राशि कंपनी अपने तीन ongoing प्रोजेक्ट्स — Amalfi, The Arcadian और Varun — में लगाएगी।
कंपनी ने यह भी बताया है कि फंड का कुछ हिस्सा कॉर्पोरेट ज़रूरतों और सामान्य उपयोग में भी लगाया जाएगा।
एक और दिलचस्प बात ये है कि कंपनी के शुरुआती निवेशकों में बॉलीवुड से जुड़े बड़े नाम, जैसे कि Amitabh Bachchan, Shah Rukh Khan Family Trust और Hrithik Roshan, भी शामिल हैं। इनसे कंपनी को मार्केट में एक पहचान और भरोसे का संकेत मिला है।
निष्कर्ष: क्या निवेश करना समझदारी है?
अब सवाल आता है — क्या इस IPO में निवेश करना चाहिए?
तो इसके कुछ पॉजिटिव और कुछ जोखिम वाले पहलू हैं:
सकारात्मक संकेत:
- सब्सक्रिप्शन डाटा मजबूत है, यानी डिमांड ज्यादा रही।
- GMP लगातार 28–30% पर बना रहा, जिससे संभावित लिस्टिंग गेन का अंदाजा मिलता है।
- कंपनी का EBITDA मार्जिन लगभग 53% बताया जा रहा है — यानी ऑपरेशनल तौर पर मुनाफा अच्छा है।
- समय पर प्रोजेक्ट डिलीवरी और एसेट-लाइट मॉडल भी निवेशकों को आकर्षित करता है।
ध्यान देने योग्य जोखिम:
- कंपनी का वैल्यूएशन थोड़ा ऊँचा है (~30x P/E)। अगर बाजार का माहौल अच्छा नहीं रहा तो इसका असर लिस्टिंग पर पड़ सकता है।
- जो प्राइवेट निवेश पहले से हो चुके हैं (SRK ट्रस्ट आदि द्वारा), उनका प्राइस भी लगभग यही था — यानी अभी तक उन्हें कोई बड़ा लाभ नहीं मिला है।
अगर आप लिस्टिंग गेन के नजरिए से देख रहे हैं तो यह IPO एक अच्छा विकल्प हो सकता है। वहीं, लॉन्ग टर्म निवेशक भी इसमें रुचि दिखा सकते हैं, लेकिन उन्हें सेक्टर और वैल्यूएशन से जुड़े जोखिमों को जरूर ध्यान में रखना चाहिए।
F.A.Q.
– Sri Lotus Developers का IPO कब खुला और कब बंद हुआ?
यह IPO 30 जुलाई 2025 को खुला और 1 अगस्त 2025 को बंद हुआ। यानी निवेशकों के पास आवेदन करने के लिए कुल 3 दिन का समय था।
– Sri Lotus Developers IPO का प्राइस बैंड और लॉट साइज क्या था?
कंपनी ने IPO के लिए ₹140 से ₹150 प्रति शेयर का प्राइस बैंड तय किया था। एक लॉट में 100 शेयर थे, यानी न्यूनतम निवेश ₹14,000 से ₹15,000 के बीच पड़ा।
– इस IPO को निवेशकों से कैसा रिस्पॉन्स मिला?
Sri Lotus Developers IPO को जबरदस्त रिस्पॉन्स मिला। आखिरी दिन तक कुल 15.17 गुना सब्सक्रिप्शन हुआ, जिसमें NII निवेशकों की हिस्सेदारी सबसे ज़्यादा (~29.3×) रही।
– क्या इस IPO में ग्रे मार्केट प्रीमियम (GMP) अच्छा चल रहा है?
हाँ, GMP काफी सकारात्मक रहा। 1 अगस्त तक GMP ₹45–₹46 के बीच रिपोर्ट किया गया था, जिससे संभावित लिस्टिंग प्राइस ₹192–₹195 तक का अनुमान है।
– क्या Sri Lotus Developers IPO में निवेश करना फायदेमंद हो सकता है?
सब्सक्रिप्शन डाटा और GMP को देखते हुए शॉर्ट टर्म में लिस्टिंग गेन की उम्मीद की जा सकती है। लॉन्ग टर्म के लिए कंपनी की फाइनेंशियल स्थिति और रियल एस्टेट मार्केट की चाल पर नजर रखना ज़रूरी है।
Also read:-